CG: खाद की कालाबाजारी पर कृषि विभाग की बड़ी कार्रवाई, कई दुकान सील, 2638 बोरी उर्वरक जब्त

CG: कोरबा-जांजगीर चांपा। कृषि विभाग ने खाद की कालाबाजारी रोकने के लिए आज दो जिले कोरबा-जांजगीर चांपा में बड़ी कार्रवाई की। आगामी खरीफ सीजन की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए कोरबा जिला प्रशासन एवं कृषि विभाग द्वारा सहकारी एवं निजी उर्वरक दुकानों का औचक निरीक्षण किया गया। किसानों को निर्धारित दर पर गुणवत्तायुक्त खाद-बीज उपलब्ध कराने, किसी भी प्रकार की कालाबाजारी और अनियमितता रोकने जिला प्रशासन द्वारा ये कार्यवाही की जा रही है।
कृषि विभाग के उप संचालक डी.पी.एस. कंवर ने बताया कि खरीफ सीजन 2026 के लिए विभाग ने विशेष सतर्कता अपनाई है। 29 मई को 18 दुकानों की जांच की गई, जिनमें 6 दुकानों में अनियमितता पाए जाने पर नोटिस जारी किया गया। एक दुकान पर विक्रय प्रतिबंध लगाया गया एवं सिद्धी विनायक ट्रेड्स, सिरली (पाली) से 56 बोरी यूरिया जप्त की गई।
उन्होंने बताया कि 1 अप्रैल 2026 से अब तक कोरबा जिले के 115 सहकारी एवं निजी उर्वरक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जा चुका है। अनियमितता पाए जाने पर 28 दुकानों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं तथा 5 निजी दुकानों पर 21 दिनों के लिए विक्रय प्रतिबंध लगाया गया है। सिरली (पाली) स्थित सिद्धी विनायक ट्रेड्स से अवैध रूप से भंडारित 56 बोरी यूरिया की जप्ती की गई।
कोरबा जिला प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे खाद खरीदते समय दुकानदार से पक्का बिल अवश्य प्राप्त करें। यदि कोई दुकानदार निर्धारित दर से अधिक मूल्य वसूलता है या बिल देने से मना करता है, तो इसकी शिकायत तुरंत संबंधित विकासखंड कृषि अधिकारी या जिला स्तर के कंट्रोल रूम में दर्ज कराए। किसानों को उचित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने उर्वरक दुकानों का आकस्मिक निरीक्षण एवं कठोर निगरानी अभियान आगे भी नियमित रूप से जारी रहेगा।
जांजगीर-चांपा में कार्रवाई, 2638 बोरी उर्वरक जब्त
किसानों को गुणवत्तायुक्त उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा खाद की कालाबाजारी एवं अवैध भंडारण पर रोक लगाने के लिए कृषि विभाग द्वारा लगातार निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में उर्वरक निरीक्षकों की टीम ने जांजगीर-चांपा जिले में निजी कृषि केंद्रों का औचक निरीक्षण कर बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल 2638 बोरी रासायनिक उर्वरक जब्त किए हैं।
उप संचालक कृषि राकेश शर्मा ने बताया कि निरीक्षण के दौरान चांपा स्थित थोक विक्रेता मेसर्स दिशा सेल्स में रासायनिक उर्वरकों के भंडारण एवं वितरण में अनियमितताएं पाई गईं। उर्वरक (नियंत्रण) आदेश, 1985 के तहत कार्रवाई करते हुए 1150 बोरी एनपीके 16:20:00:13 (एचयूआरएल), 428 बोरी एसएसपी (दानेदार), 630 बोरी एसएसपी (पाउडर) तथा 98 बोरी जिंकेटेड एसएसपी सहित कुल 2306 बोरी उर्वरकों के विक्रय पर प्रतिबंध लगाते हुए उन्हें जब्त किया गया।
इसी प्रकार विकासखंड बलौदा के ग्राम पिसौद स्थित राजकुमार साहू कृषि केंद्र में छापामार कार्रवाई के दौरान 98 बोरी यूरिया, 94 बोरी जिंकेटेड एसएसपी, 70 बोरी ट्रिपल सुपर फॉस्फेट तथा 70 बोरी एनपीके 16:20:00:13 (एचयूआरएल) का अवैध भंडारण पाया गया। इस पर 332 बोरी उर्वरक जब्त कर विक्रय प्रतिष्ठान को सीलबंद कर दिया गया।
कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि किसानों के हितों की रक्षा, उर्वरकों की सुचारु उपलब्धता और कालाबाजारी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जिले के सभी सहकारी एवं निजी उर्वरक विक्रय केंद्रों का नियमित निरीक्षण जारी रहेगा। किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधितों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।

